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वृद्धाश्रम

kewal sethi
Sep 30, 2025
2 min read

वृद्धाश्रम


प्रवेश ने जैसे ही घर में प्रवेश किया, सास बहु की तेज़ तेज़ आवाज़ कानों में पड़ी। यह नई बात नहीं थी। कई बार ऐसा होता था। 

- बस करो अब, वह ज़ोर से चिल्लाया।

सास ने कहा - बस बहु, अब बाकी कल

प्रवेश - यह रोज़ की कल कल से मैं तो परेशान हो गया हूॅं।

बहु - क्यों, आज फिर डांट पड़ी बॉस की।

सास - या कुश्वाहा ने कुछ उलटा सीधा कह दिया। 

बहु - या रिसॅपनिष्ट देख कर मुस्कराई नहीं। 

प्रवेश - यह क्या फ़िज़ूल की बात कर रही हों। वह तो आज आई ही नहीं। 

सास - शाबाश, बहु, खूब पकड़ा।

प्रवेश - एक तो दिन भर दफतर में परेशान रहता हूॅं। सोचता हॅं घर पर तो शांति मिले गी। पर ....

सास - बहु, इसे जल्दी से चाय पिला, नहीं तो यह शांति को ही याद करता रहे गा।  

बहु - अभी लाई, मां जी। चाय तो तैयार है। 

सास - ओर थोड़ा नमकीन भी साथ में। 

प्रवेश - मेरा ख्याल है मां, कि अब आप को वृद्धाश्रम ही रास आये गा।  

बहु - क्या  कहा? फिर से तो कहना। 

प्रवेश - मां वृद्धाश्रम में रहे गी तो तुम भी सुखी और मां भी सुखी। 

बहु - मां जी, आप का बेटा तो गधा है। 

सास - खबरदार, मेरे बेटे को गधा कहा तो।

बहु - सॉरी। गल्ती हो गई। दर असल मेरा पति गधा है। 

सास - हां, यह ठीक है। पत्नि पति को कुछ भी कह सकती है। 

प्रवेश - यह क्या बदतमीज़ी है। मैं तो दोनों के भले की बात कर रहा हूॅ। 

सास - तो कब चलना हैं वृद्धाश्रम 

प्रवेश - बात करता हूॅं। दो एक रोज़ में। 

बहु - तब तो मुझे भी वृद्धाश्रम जाना पड़े गा। 

प्रवेश - तुम्हें क्यों?

बहु - तो फिर मैं लड़ूॅं गी कैसे। 

प्रवेश - यह रोज़ राज़ लड़ना ठीक है क्या। 

बहु - रोज़ रोज़ कहॉं लड़ते हैं। बस हफते में चार एक बार। 

प्रवेश - पर चार बार भी क्यों। 

बहु - तो उस के बिना जीवन कैसे कटे गा। क्यों, मां जी। 

सास - बिल्कुल, वही तो सब्ज़ी में नमक की तरह है। 

बहु - क्यों? बिना नमक के सब्ज़ी आप खा सको गे क्या। 

प्रवेश - अब यह सब्ज़ी में नमक की बात कहां से आ गई। 

सास - अब मीठा ही मीठा खाते रहो गे तो बीमार नहीं पड़ो गे क्या।

बहु - इसी लिये तो नमक बहुत ज़रूरी है। 

प्रवेश - अब आप दोनों के बीच मीठा कब होता है, यह तो बताओ। 

बहु - हफते में तीन दिन। 

सास - और नहीं तो क्या। 

प्रवेश - अच्छा बाबा, आप को यही पसंद है तो शुरू कर दो। 

सास - अब आज नहीं कल। आज का कोटा पूरा हो गया। 

बहु - बिल्कुल। खाना भी तो बनाना है। 

प्रवेश - नमक के साथ। 


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