top of page

पुरानी कहानी, नया रूप

  • kewal sethi
  • Feb 20, 2024
  • 1 min read

पुरानी कहानी, नया रूप

एक बुजर्ग व्यक्ति ने मरते समय अपने 19 ऊॅंटों को इस प्रकार अपने बेटों में बॉंटा। सब से बड़े बेठे को आधे, मंझले बेटे को चौथा हिस्सा और छोटे बेटे को पॉंचवॉं हिस्सा देने की वसियत की।

उस के मरने के बाद यह मुश्किल हुई कि 19 ऊॅंटों को बॉंटा कैसे जाये। आखिर तीनों ने गॉंव के सब से बुजर्ग आदमी से सलाह लेने की सोची।

-

-

-

-

- नहीं, वैसा नहीं हुआ जैसा आप सोच रहे हो। उस ने अपना ऊॅंट मिलाया नहीं।

उस ने कहा कि बाप सनकी था जिस ने इस प्रकार की वसियत की। इस लिये उस को मान्यता नहीं दी जा सकती। सभी भाईयों को बराबर बराबर हिस्सा मिलना चाहिये। उस ने एक ऊॅंट अपने पास रख लिया और बाकी बराबर बॉंट दिये।

-

-

-

-

बड़ा बेटा इस से नाराज़ हो गया। उस ने अदालत की शरण ली।

एक अदालत

उस के बाद दूसरी अदालत

फिर उच्च न्यायालय

पंद्रह साल बाद उच्च न्यायालय ने निर्णय लिया कि निचली अदालतों (माफ कीजिये, अभी अभी सर्वोच्च न्यायालय ने निर्देश दिया है कि निचली अदालत नहीं उसे पहली/ दूसरी अदालत कहना चाहिये, इस कारण) पहली और दूसरी अदालत का कहना सही है कि बाप सनकी था और उस की वसियत को मान्यता नहीं दी जा सकती। उसे पता होना चाहिये था कि 19 को न दो, न चार से और न ही पॉंच से भाग दिया जा सकता है। उच्च न्यायालय ने फैसला लेने वाले व्योवृृद्ध की बात को सही ठहराया और आदेश दिया कि उसे तीन ऊॅंट और इनाम में दिये जायें।

शेष ऊॅंट तीनों भाईयों में बराबर बराबर बॉंट दिये जायें।


Recent Posts

See All
हार जीत

हार जीत सेठ खुशहाल चन्द के यहॉं काफी चहल पहल थी। उस के विशाल बंगले के सामने विशाल उद्यान को बड़ी सुरुचि से सजाया गया था। नगर के सभी नामी गरामी नागरिक वहॉं पर आमंत्रित थे। एक ओर बड़े से स्टेज पर संगीत और

 
 
 
overlived

overlived   this morning, i woke up at night. while trying to decide if i should get up or try to have another nap, my mind wandered. it found itself in a strange land. every thing around was ancient.

 
 
 
खवाब दर खवाब

खवाब दर खवाब मेरे ख्वाब भी बड़े अजीब होते हैं। अब देखिय,े कल रात को खवाब आया कि मैं खवाब से जग गया हूॅं। और फिर मुझे नींद नहीं आ रही। करवटें बदलते हुये जब समय हो गया तो उठ बैठा। और तो कुछ करने को था नह

 
 
 

Comments


bottom of page